ए मौला इक बार दिखादे

ए मौला इक बार दिखादेजलवा कमली वाले कातन मन वारा जिस ने देखाचेहरा कमली वाले का ग़ौस क़ुत्ब अब्दाल क़लंदरसब उन के गुन गाते हैंफ़र्शें ज़मीन पर अर्श-ए-बरीं परचर्चा कमली वाले का क़ब्र में जब पूछें गे फ़रिश्तेअपना तआरुफ़ पेश करोतो कह दूँ गा उन से कि मैं हूँमँगता प्यारे आक़ा का हर नेमत देता … Read more