मीठा मदीना दूर है, जाना भी ज़रूर है
मीठा मदीना दूर है, जाना भी ज़रूर है तैबा बड़ी दूर आक़ा, तैबा बड़ी दूर, हाँ अल्लाहुम्मा सल्ले अला सय्यिदिना मुहम्मदिन मेरे आक़ा मेरे सरवर, मेरा बेड़ा पार हो तालिब हूँ मैं आपका शाहा, मुझ को अता दीदार हो नज़रे करम सरकार आक़ा, नज़रे करम सरकार हो आपका मंगता आपका सائل, हाज़िरे दरबार हो तैबा … Read more