तेरे दामने करम में जिसकी नींद आ गई है
तेरे दामने करम में जिसकी नींद आ गई है जो फना ना होगी ऐसी उसे जिंदगी मिली है। मुझे क्या पड़ी किसी से करु अरज़ मुड्ढा माई मेरी लौ तो बस उन्हीं के दर्द से लगी है। वो जहां भर के दाता मुझे फेर देंगे खाली मेरी तौबा ऐ खुदा ये मेरे नफ़्स की … Read more